होम

भारतीय सांख्यिकीय संस्थान (आई.एस.आई.), अनुसंधान, शिक्षण एवं सांख्यिकीय के अनुप्रयोग, प्राकृतिक विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान के प्रति समर्पित एक अद्वितीय संस्था में आपका स्वागत है ।   17 दिसम्बर, 1931, को कोलकाता में प्रोफेसर पी.सी. महलानोबिस द्वारा स्थापित संस्थान को 1959 में संसद के एक अधिनियम द्वारा राष्ट्रीय महत्त्व के संस्थान का दर्जा प्राप्त हुआ ।

अकादमिक

भारतीय सांख्यिकीय संस्थान (आई.एस.आई.), अनुसंधान, शिक्षण एवं सांख्यिकीय के अनुप्रयोग, प्राकृतिक विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान के प्रति समर्पित एक अद्वितीय संस्था में आपका स्वागत है ।   17 दिसम्बर, 1931, को कोलकाता में प्रोफेसर पी.सी. महलानोबिस द्वारा स्थापित संस्थान को 1959 में संसद के एक अधिनियम द्वारा राष्ट्रीय महत्त्व के संस्थान का दर्जा प्राप्त हुआ ।

अनुसंधान

भारतीय सांख्यिकीय संस्थान (आई.एस.आई.), अनुसंधान, शिक्षण एवं सांख्यिकीय के अनुप्रयोग, प्राकृतिक विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान के प्रति समर्पित एक अद्वितीय संस्था में आपका स्वागत है ।   17 दिसम्बर, 1931, को कोलकाता में प्रोफेसर पी.सी. महलानोबिस द्वारा स्थापित संस्थान को 1959 में संसद के एक अधिनियम द्वारा राष्ट्रीय महत्त्व के संस्थान का दर्जा प्राप्त हुआ ।

समाचार और आयोजन

भारतीय सांख्यिकीय संस्थान (आई.एस.आई.), अनुसंधान, शिक्षण एवं सांख्यिकीय के अनुप्रयोग, प्राकृतिक विज्ञान एवं सामाजिक विज्ञान के प्रति समर्पित एक अद्वितीय संस्था में आपका स्वागत है ।   17 दिसम्बर, 1931, को कोलकाता में प्रोफेसर पी.सी. महलानोबिस द्वारा स्थापित संस्थान को 1959 में संसद के एक अधिनियम द्वारा राष्ट्रीय महत्त्व के संस्थान का दर्जा प्राप्त हुआ ।

News

No results found

तथ्य और आंकड़े

1931 में प्रोफेसर पी सी महलानोबिस द्वारा कोलकाता में स्थापित

1959 में राष्ट्रीय महत्व के संस्थान के रूप में मान्यता प्राप्त

विश्वविद्यालय के विभाग के सदस्य & छात्र

250 स्नातक और 250 स्नातकोत्तर छात्र

250 जूनियर और सीनियर रिसर्च फैलो पीएचडी का तैयारी करते हैं

300 संकाय सदस्यों और 50 पोस्ट-डॉक्टरेट फैलो

केंद्र, विभाग & इकाइयों

भारत भर में 5 केंद्र, कोलकाता में हेड ऑफिस के साथ

केंद्रों में 7 डिवीजन और 40 अकादमिक इकाइयां

अकादमिक कार्यक्रम

2 स्नातक और 7 स्नातकोत्तर डिग्री कार्यक्रम

2 स्नातक और 7 स्नातकोत्तर डिग्री कार्यक्रम

4 डिप्लोमा कार्यक्रम और कई शॉर्ट-टर्म पाठ्यक्रम